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धनु राशि में आ गये हैं शनि

वैसे तो शनि का 26 जनवरी 2017 को धनु में प्रवेश हो गया था पर वक्री होने से 20 जून को फिर से शनि का गोचर वृश्चिक में था तो पूर्ण रूप से शनि का धनु राशि में प्रवेश अब 26 अक्टूबर को होगा, 26 अक्टूबर बृहस्पतिवार को मध्यान 3 बजकर 20 मिंट पर शनि का धनु राशि में प्रवेश होगा और फिर जनवरी 2020 तक शनि धनु राशि में ही गोचर करेगा शनि का धनु राशि में गोचर शुभ और सकारात्मक परिवर्तन करने वाला होगा क्योंकि धनु राशि परमशुभ ग्रह बृहस्पति की राशि है और ज्योतिष में शनि के धनु राशि में गोचर को शुभ फल देने वाला माना गया है इसलिए शनि का धनु राशि में गोचर सामाजिक राष्ट्रिय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सकारात्मक परिवर्तन करने वाला होगा पिछले दो वर्षों की अपेक्षा आगे आने वाले वर्ष अधिक शुभ और सकारात्मक होंगे, शनि को तकनीकी कार्यों का कारक माना गया है तो धनु राशि के स्वामी बृहस्पति को प्रगति और का कारक माना गया है अतः धनु राशि में शनि का गोचर राष्ट्रिय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नयी तकनीकों का विकास कराएगा क्योंकि धनु राशि पूर्व दिशा को दर्शाती है इसलिए पूर्वी देशों (एशियाई) में तकनीकी विकास बढ़ेगा, शनि अध्यात्म का कारक है तो धनु राशि का स्वामी बृहस्पति धर्म का कारक है अतः धनु राशि में शनि का गोचर वैश्विक स्तर पर आध्यात्मिक चेतना को जाग्रत कर शांति और सकारात्मक विचारों का विस्तार होगा……………… शनि का धनु राशि में आना "भारत" के लिए भी बहुत शुभ और सकारात्मक परिवर्तन करने वाला होगा स्वतंत्रता के समय बनी भारत की कुंडली वृष लग्न और कर्क राशि की है शनि का धनु राशि में आना भारत में विशेष रूप से व्यवसायिक उन्नति कराएगा, रोजगारों में वृद्धि होगी नए उद्योग और कार्यों का संचालन होगा देश में में तकनीकी प्रगति और नयी तकनीकों का विकास होगा तथा विरोधी राष्ट्रों पर भारत की कड़ी पकड़ बनेगी।

अब इन राशियों पर होगी साढेसाती और ढैय्या -

26 अक्टूबर 2017 को शनि के वृश्चिक से धनु राशि में आने से अलग अलग राशियों पर चल राशि शनि की साढेसाती और ढैय्या में भी बड़ा परिवर्तन होगा पिछले लम्बे समय से शनि के वृश्चिक राशि में गोचर करने से धनु, वृश्चिक और तुला राशि पर साढेसाती तथा मेष और सिंह राशि पर लघु कल्याणी ढैय्या चल रही थी पर अब 26 अक्टूबर 2017 को शनि के धनु राशि में प्रवेश करने के साथ ही तुला राशि पर लम्बे समय से चल रही साढेसाती समाप्त हो जाएगी तथा मेष और सिंह राशि पर चल रही ढैय्या भी समाप्त हो जाएगी............. 26 अक्टूबर को शनि के धनु राशि में प्रवेश करने के बाद मकर राशि पर शनि की साढेसाती शुरू हो जायेगी तथा वृश्चिक और धनु राशि की साढेसाती निरंतर रहेगी इसी प्रकार 26 अक्टूबर से वृष और कन्या राशि पर ढैय्या शुरू हो जाएगी तो कुल मिलाकर तुला राशि की साढेसाती तथा मेष और सिंह पर चल रही ढैय्या समाप्त होजाएगी जो इन राशियों के लिए अच्छा परिवर्तन होगा तथा 26 अक्टूबर 2017 से वृश्चिक, धनु और मकर राशि पर शनि की साढेसाती होगी तथा वृष और कन्या पर ढैय्या होगी।

बारह राशियों पर धनु के शनि का प्रभाव -

मेष राशि - बहुत शुभ है, लम्बे समय से चल रही स्वास्थ समस्याएं कम होंगी, चल रहे संघर्ष में कमी आएगी, भाग्य वृद्धि होगी उत्साह वृद्धि होगी, धनलाभ और आय के श्रोत बढ़ेंगे।

वृष राशि - संघर्षकारी है, स्वास्थ समस्याएं बढ़ेंगी कार्यों में संघर्ष बढ़ेगा बाधाओं के बाद कार्य होंगे।

मिथुन राशि - मध्यम है मानसिक तनाव बढ़ेगा परंतु भाग्य वृद्धि होगी वैवाहिक जीवन में तनाव संभव है विवाद से बचें।

कर्क राशि - शुभ है उत्साह और पराक्रम बढ़ेगा, चल रहे मानसिक तनाव में कमी आएगी, विरोधियों पर विजय मिलेगी।

सिंह राशि - शुभ है चल रही बाधाएं और संघर्ष कम होगा, पारिवारिक विवाद रुकेंगे और धन लाभ बढ़ेगा।

कन्या राशि - संघर्षकारी है, पारिवारिक विवाद और गृह क्लेश बढ़ेंगे, कार्यों में संघर्ष उत्पन होगा बाधाओं के बाद कार्य होंगे।

तुला राशि - बहुत शुभ है जीवन में लंबे समय से चल रहा संघर्ष रुकेगा और भाग्य वृद्धि होगी, उत्साह बढ़ेगा किये गए प्रयास सफल होंगे रुके कार्य बनेंगे।

वृश्चिक राशि - मध्यम है चल रहा मानसिक तनाव कम होगा चल रही अत्यधिक बाधओं में कमी आएगी पर संघर्ष के बाद ही कार्य पूरे होंगे।

धनु राशि - संघर्षकारी है, मानसिक तनाव बढ़ेगा कार्यों में संघर्ष उपस्थित होगा तथा कड़े परिश्रम से ही कार्य पूरे होंगे।

मकर राशि - संघर्ष बढ़ेगा कार्यों में बाधाएं उपस्थित होंगी धन खर्च बढ़ने से आर्थिक स्थिति में उतार चढ़ाव आएगा।

कुम्भ राशि - शुभ है आत्मविश्वास प्रतिष्ठा और यश में वृद्धि होगी धन लाभ तथा आय के श्रोत बढ़ेंगे किये गए कार्यों में साफलता मिलेगी।

मीन राशि - शुभ है भाग्य में चल रही अड़चने रुकेंगी, रुके कार्य पूरे होंगे आजीविका या करियर में उन्नति होगी।

शनि की साढेसाती और ढैय्या के दुष्प्रभाव से बचने के लिए करें ये उपाय -

1. ॐ शम शनैश्चराय नमः का जाप करें (एक माला रोज)

2. हनुमान चालीसा का रोज पाठ करें।

3. शनिवार को पीपल पर सरसों के तेल का दिया जलाएं।

4. गरीब व्यक्ति को कम्बल दान करें।

।। श्री हनुमते नमः।।

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